सिखों के पांचवें गुरु श्री अर्जन देव जी का शहीदी दिवस धूमधाम से मनाया गया
सिखों के पांचवें गुरु श्री अर्जन देव जी का शहीदी दिवस धूमधाम से मनाया गया
सिखों के पांचवें गुरु श्री अर्जन देव जी का शहीदी दिवस पूरे देश में बड़े धूमधाम से मनाया जा रहा है।इसी कड़ी में अंबाला के गुरुद्वारों में भी उनका शहीदी दिवस धूमधाम से मनाया गया ! इस मौके पर गुरुद्वारों में ठंडे पानी की छबील भी लगाई गई। गुरुद्वारों में पाठ किया गया और अरदास भी की गई ! साथ ही गुरुजी के द्वारा दिए गए संदेश पर चलने की बात भी कही गई।
||Delhi||Nancy Kaushik||सिखों के पांचवें गुरु श्री अर्जन देव जी का शहीदी दिवस पूरे देश में बड़े धूमधाम से मनाया जा रहा है।इसी कड़ी में अंबाला के गुरुद्वारों में भी उनका शहीदी दिवस धूमधाम से मनाया गया ! इस मौके पर गुरुद्वारों में ठंडे पानी की छबील भी लगाई गई। गुरुद्वारों में पाठ किया गया और अरदास भी की गई ! साथ ही गुरुजी के द्वारा दिए गए संदेश पर चलने की बात भी कही गई।
आज पूरे देश में सिखों के पांचवें गुरु अर्जन देव जी का शहीदी दिवस मनाया गया। इस कड़ी में अंबाला के गुरुद्वारों में भी श्री गुरु अर्जन देव जी का शहीदी दिवस मनाया गया। इस मौके पर अंबाला प्रधान गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी सेहगल व अन्य कमेटी के मेंबर भी मौजूद रहे ! इस मौके पर उन्होंने मीडिया से बात करते हुए गुरु अर्जन देव जी के बारे में जानकारी दी ! उन्होंने कहा की गुरु अर्जन देव जी का शहीदी दिवस समूचे संसार के अंदर संगता मिलजुल कर मनाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि आज ही के दिन गुरु महाराज जी नू शहीद किया गया था ! उन्होंने बताया की गुरु अर्जन देव जी महाराज ने गुरु ग्रंथ साहिब की रचना कर सभी संगतों को इस गुरबाणी के साथ जोड़ा गया ! उन्होंने बताया कि किस तरह से गुरु अर्जन देव जी नू तपते तेल के कड़ाहे में उबाला गया और किस तरह उनको गर्म तवे पर बिठाया गया और किस तरह गर्म पानी के कडछे उनके सिर में पाए गए ! उन्होंने बताया की गुरु अर्जन देव ने मानवता की भलाई के लिए शहीदी दी।उन्होंने बताया की गुरु अर्जन देव जी ने संदेश दिया की जबर का सामना करने के लिए सब्र की जरूरत होती है। यह जरूरी नहीं की जबर का सामना जबर से ही किया जाए। उन्होंने कहा की आओ हम भी गुरुजी द्वारा दिए गए संदेश के अनुसार अपने आप को चलाएं।