हरियाणा की सब्जी मंडियां आज से अनिश्चितकाल के लिए बंद

एकमुश्त कर के विरोध में हरियाणा सब्जी मंडी आढ़ती एसोसिएशन ने प्रदेश की सभी मंडियों में अनिश्चितकालीन हड़ताल की शुरू कर दी है। एसोसिएशन के प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष नितिन जांघू की अगुवाई में दादरी सब्जी मंडी में सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर रोष जताया और अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दी है।

चरखी दादरी। एकमुश्त कर के विरोध में हरियाणा सब्जी मंडी आढ़ती एसोसिएशन ने प्रदेश की सभी मंडियों में अनिश्चितकालीन हड़ताल की शुरू कर दी है। एसोसिएशन के प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष नितिन जांघू की अगुवाई में दादरी सब्जी मंडी में सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर रोष जताया और अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दी है। सब्जी मंडियां बंद होने के चलते सब्जयों के रेटों में भी बढौतरी होने की संभावना है। आढतियों ने एक मुश्त कर को वापिस नहीं लिए जाने पर तक हड़ताल जारी रखने और मंडी में पड़े माल के खराब होने पर गौशाला में देने की बात कही है।

बता दे कि एक मुश्त कर को लेकर हरियाणा सब्जी मंडी आढ़ती एसोसिएन लगातार विरोध कर रही है। इसको लेकर पूर्व में भी हड़ताल की है। वहीं आढ़तियों ने इसको वापिस नहीं लिए जाने पर अब अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दी है। आज स्थानीय सब्जी मंडी परिसर में आढ़तियों ने एकत्रित होकर रोष जताया और मांग पूरी नहीं होने तक हड़ताल जारी रखने का ऐलान किया है। हरियाणा सब्जी मंडी आढ़ती एसोसिएशन के कार्यकारी अध्यक्ष नितिन जांघू की अगुवाई में एकत्रित हुए आढ़तियों ने कहा कि सब्जी मंडी के आढ़ती सरकार की मौजूदा प्रणाली के खिलाफ हैं। उन्होंने कहा कि वे आढ़ती हैं और माल बेचने पर टैक्स देते हैं लेकिन सरकार द्वारा पूरे साल का टैक्स एडवांस में लिया जा रहा है जो सरासर गलत है। जांघू ने कहा कि वे पूर्व में भी सांकेतिक हड़ताल कर अपनी मांग सरकार के समक्ष रख चुके हैं। सरकार ने उनसे 15 दिन का समय मांगा था लेकिन उन्होंने करीब डेढ माह का समय दे दिया है इसके बावजूद सरकार की ओर से कोई सकारात्मक पहल नहीं किए जाने पर वे अब अनिश्चितकालीन हड़ताल करने पर मजबूर हुए हैं। जांघू ने कहा कि हरियाणा सब्जी मंडी आढ़ती एसोसिएशन की आज सरकार के साथ वार्ता होनी है। यदि इस दौरान उनकी मांग पूरी नहीं की जाती है तो उनकी अनिश्चितकालीन हड़ताल जारी रहेगी। उनकी मांग पूरी होने में चाहे एक सप्ताह लगे या एक महिना वे मंडी नहीं खोलेंगे और पूरे प्रदेश की मंडियां बंद रहेंगी। उन्होंने कहा कि आमजन को होने वाली समस्याओं की जिम्मेवारी सरकार होगी। जांघू ने कहा कि मंडी में आढ़तियों के पास जो माल है मांग पूरी होने से पहले वे इसे बेचने के लिए भी मंडी नहीं खोलेंगे और यदि माल खराब होता है वे इसे गाैशाला में दे देंगे।