बीते दिन अचानकअंबाला छावनी स्थित भाजपा कार्यालय के पास रुका वरुण चौधरी का काफिला

बीते दिन अचानकअंबाला छावनी स्थित भाजपा कार्यालय के पास रुका वरुण चौधरी का काफिला जहाँ हरियाणा के पूर्व गृह मंत्री विज मौजूद थे पूर्व गृह मंत्री अनिल विज,कांग्रेस प्रत्याशी वरुण चौधरी,चित्रा सरवारा का देर शाम अंबाला छावनी में प्रचार के दौरान आमना सामना हो गया। जिसके बाद सभी नेताओं ने आपस में बातचीत की व विज ने सभी विपक्षी नेताओं को जलपान करवाया ! इस पर अनिल विज ने अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि वरुण का काफिला मेरे पास रुका जिसमे और भी कांग्रेसी नेता थे जो मेरे पास बैठे गए जिन्हे शिष्टाचार के नाते मैंने जलपान करवाया अब इसको भी लोग गलत समझते है तो उन्हें राजनीती मे रहने का अधिकार नहीं है ! विज ने कहा कि वरुण ने कई बार कहा कि उन्हें आशीर्वाद दे दो लेकिन राजनीती अलग है व्यक्तिगत सम्बन्ध अलग है !

स्थिति कुछ ऐसी बनी कि हरियाणा के पूर्व गृह मंत्री अनिल विज भाजपा की लोकसभा की भाजपा की उम्मीदवार बंतो कटारिया के लिए चुनाव प्रचार कर रहे थे कि अचानक कांग्रेस के लोकसभा उम्मीदवार वरुण चौधरी का काफिला भी चुनाव प्रचार कर निकल रहा था दोनों नेताओं का जब आमना- सामना हुआ तह वरुण ने काफिला रोका व गाडी से उतारकर शिस्टाचार दिखाते हुए पूर्व गृह मंत्री के पावं छुए ! विज ने भी दरिया दिली दिखाते हुए उन्हें भाजपा कार्यालय के बाहर जहाँ वो बैठे थे वहां बैठाया व उन्हें जलपान करवाया व सभी ने मिलकर चर्चा की ! वरुण के साथ कांग्रेस की वरिष्ठ नेत्री व अनिल विज के सामने विधानसभा चुनाव लड़ चुकी चित्रा सरवारा व पूर्व एमसी परविंद्र परी भी मौजूद रहे ! अब इस मुलाक़ात को दोनों नेताओं की दरिया दिली कहे या तीन निर्दलीय विधायकों का कांग्रेस में शामिल होना कहे जिसके कारण पूरे प्रदेश में बन रहे राजनीती समीकरण का असर ! इस पर आज अनिल विज ने अपनी प्रतिक्रिया दी विज ने कहा कि वे भाजपा कार्यकर्ताओ के साथ बैठे थे कि तभी तीन गाड़िया रुकी जिसमे वरुण व अन्य कांग्रेसी नेता भी थे जो आकर उनके पास बैठ गए आउट शिष्टाचार के नाते उन्होंने उन सभी को जलपान करवाया और अगर इस पर भी कोई एतराज उठता है तो उन्हें राजनीती मे नहीं रहना चाहिए क्योंकि शिष्टाचार तो सबके साथ है ऐसा नहीं है कि कोई आये और उन्हें जलपान न करवाये ! विज ने कहा कि जो व्हाट्सअप पर चल रहा है कि मैंने आशीर्वाद दे दिया ये गलत है हाँ उन्होंने मेरे पाँव भी छुए और कहा कि आशीर्वाद दे दो लेकिन राजनीती अपनी जगह है और व्यक्तिगत रिश्ते जो है वो अलग है !