चिलचिलाती धूप और लू के बीच मजदूर संगठनों ने ट्रैक्टर मार्च निकाल बढ़ाया सियासी पारा

जैसे-जैसे चुनाव की तारीख नजदीक आती जा रही है वैसे-वैसे चुनावी सरगर्मियां बढती जा रही है। चरखी दादरी के उपमंडल बाढ़डा के गांव नांधा, धनासरी, चांदवास, हंसावास कलां, खुर्द, द्वारका, भांडवा, खोरडा समेत करीब दो दर्जन गांवों में ट्रैक्टर मार्च निकाला। ग्रामीण सभाओं को संबोधित करते हुए किसान नेता राजू मान ने कहा कि एमएसपी को लेकर चले तेरह महीने के किसान आंदोलन में साढ़े सात सौ से ज्यादा किसानों ने शहादत दी। कई बार पुलिस ने लाठीचार्ज किया, अश्रु गैस के गोले दागे और रबर की गोलियां भी चलाई।

चरखी दादरी। जैसे-जैसे चुनाव की तारीख नजदीक आती जा रही है वैसे-वैसे चुनावी सरगर्मियां बढती जा रही है। चरखी दादरी के उपमंडल बाढ़डा के गांव नांधा, धनासरी, चांदवास, हंसावास कलां, खुर्द, द्वारका, भांडवा, खोरडा समेत करीब दो दर्जन गांवों में ट्रैक्टर मार्च निकाला। ग्रामीण सभाओं को संबोधित करते हुए किसान नेता राजू मान ने कहा कि एमएसपी को लेकर चले तेरह महीने के किसान आंदोलन में साढ़े सात सौ से ज्यादा किसानों ने शहादत दी। कई बार पुलिस ने लाठीचार्ज किया, अश्रु गैस के गोले दागे और रबर की गोलियां भी चलाई। आज उन सबका का हिसाब चुकता करने का समय आ गया है। किसान सभा के कामरेड ओमप्रकाश ने कहा कि वर्तमान केंद्र की मोदी सरकार सिर्फ बड़े पूंजीपतियों के हितों की रखवाली कर रही है। उसे गरीब जनता की कोई चिंता नहीं है। इस गर्मी में बहाया पसीना व्यर्थ नहीं जाने दिया जाएगा और प्रदेश के किसान- मजदूर डंके की चोट इंडिया गठबंधन के उम्मीदवारों को जिताने का काम करेंगे। कई ट्रैक्टरों पर किसान आंदोलन, महिला पहलवानों, आशा वर्कर्स, सरपंचों के साथ पुलिस की बर्बरता के फ्लैक्स लगे हुए थे। ट्रैक्टर मार्च की अगुवाई कर रहें किसान नेता राजू मान ने भिवानी-महेंद्रगढ़ लोकसभा क्षेत्र में चुनावी मैदान में उतरे भाजपा व जजपा प्रत्याशियों का विरोध किया। केंद्र और राज्य सरकार की हठधर्मिता का बदला लेने का समय आ गया है। गांवों के दौरे के दौरान किसान नेता ने कहा कि एमएसपी की मुख्य मांग को लेकर चले तेरह महीने के किसान आंदोलन में 750 से ज्यादा किसानों ने अपनी शहादत दी लेकिन मोदी सरकार ने उनके लिए संवेदना तक नहीं जताई।